राज्यमंत्री ने आंगनबाडी कार्यकत्रियो को वितरित किये स्मार्ट फोन, मवाना व परीक्षितगढ में हुआ कार्यक्रम
मेरठ। ब्यूरो रिपोर्ट
आंगनबाडी कार्यकत्रियो के कार्यों को हाईटेक एवं डिजीटलीकरण बनाने हेतु उपलब्ध कराये जा रहे स्मार्ट मोबाइल फोन-मा0 राज्यमंत्री श्री दिनेश खटीक मोबाइल से आंगनबाडी कार्यकत्रियो कार्य होंगे आसान, केन्द्र व गांव का समस्त डाटा मोबाइल में रहेगा सुरक्षित- मा0 राज्यमंत्री श्री दिनेश खटीकपोषण टैंकरण ऐप से मिलेंगे कार्य संबंधी मैसेज व अलार्म, कार्य दर्ज होने पर ही हटेगा इण्डीकेटर- मा0 राज्यमंत्री श्री दिनेश खटीक पोषण ट्रैकर ऐपलीकेशन के माध्यम से होगा समस्त लाभार्थियों का आनलाईन पंजीकरण- राज्यमंत्री श्री दिनेश खटीक
मा0 राज्यमंत्री बाढ नियंत्रण एवं जल शक्ति विभाग श्री दिनेश खटीक जी द्वारा विकास खंड मवाना व परीक्षितगढ के सभाकक्ष में आंगनबाडी कार्यकत्रियो को मोबाइल फोन का वितरण किया गया। मा0 राज्यमंत्री श्री दिनेश खटीक जी ने कहा कि शासन द्वारा आंगनबाडी कार्यकत्रियो के कार्यों को हाईटेक एवं डिजीटलीकरण बनाने हेतु मोबाइल उपलब्ध कराया जा रहा है। मोबाइल से आंगनबाडी कार्यकत्रियो के केन्द्र के सभी कार्य आसान हो जायेगा एवं केन्द्र तथा गांव का समस्त डाटा आंगनबाडी के मोबाइल में सुरक्षित रहेगा। इस अवसर पर मवाना में 146 तथा परीक्षितगढ में 150 आंगनबाडी कार्यकत्रियो को स्मार्ट फोन वितरित किये गये। राज्यमंत्री श्री दिनेश खटीक जी ने कहा कि अब आंगनबाडी कार्यकत्रियो को 15 रजिस्टर बनाने से निजात मिल जायेंगी। मोबाइल में पोषण टैंकरण ऐप है जिसके द्वारा आंगनबाडी कार्यकत्रियो को उसके कार्यों संबंधी मैसेज तथा सूचना एवं अलार्म मिलता रहेगा। कार्य पूर्ण करके मोबाइल में दर्ज करने पर ही इण्डीकेटर हटेगा। कब किस बच्चे को टीका लगना है गर्भवती महिला की स्वास्थ्य जांच होनी है, कौन सा बच्चा अति कुपोषित है, कौन से बच्चे को अस्पताल भेजना है, कब किसके घर पर भ्रमण करना है इन सभी की सूचना आंगनबाडी कार्यकत्री को मोबाइल से स्वयं प्राप्त होती रहेगी। मा0 मंत्री श्री दिनेश खटीक जी ने कहा कि समस्त आंगनबाडी कार्यकत्रियां अब अपने अभिलेखीय कार्य डिजीटल रूप में कर सकेगी। अब उन्हें बहुत सारे रजिस्टरो के रखने से मुक्ति मिलेगी। सबसे महत्वपूर्ण यह है कि पोषण ट्रैकर ऐपलीकेशन के माध्यम से समस्त लाभार्थियों का आनलाईन पंजीकरण हो सकेगा। साथ ही समस्त लाभार्थियो का सत्यापन किया जा सकेगा इससे न सिर्फ सेवा का डिजीटलाईजेशन होगा बल्कि माॅनीट्ररिंग की गुणवत्ता मे व्यापक सुधार आयेगा। कार्यक्रम का संचालन जिला कार्यक्रम अधिकारी विनीत कुमार सिंह ने किया। उन्होने आश्वस्त किया कि सरकार द्वारा दिये गये निर्देशो का शत-प्रतिशत अनुपालन सुनिश्चित कराया जाये। कार्यक्रम का आयोजन बाल विकास परियोजना मवाना व परीक्षितगढ द्वारा किया गया। इस अवसर पर मवाना में उप जिलाधिकारी मवाना अमित गुप्ता, खंड विकास अधिकारी मवाना अम्बरीष शर्मा, बाल विकास परियोजना अधिकारी राजीव केसरी, सहायक विकास अधिकारी प्रदीप शर्मा, इन्द्रपाल सिंह, प्रवीण मोहन, अनुज गुप्ता, अमर पाल सिंह, यशपाल, रघुवीर, परीक्षितगढ में ब्लाॅक प्रमख ब्रहम पाल, जिला कार्यक्रम अधिकारी विनीत कुमार सिंह, सीडीपीओ राम सेवक, मुख्य सेविका मंजू, बीना एवं रजनी तथा आंगनबाडी कार्यकत्रियां उपस्थित रही। अपंजीकृत लैब से न कराये जांच एवं अपंजीकृत व झोलाछाप चिकित्सको से न कराये ईलाज- मुख्य चिकित्सा अधिकारी डा0 अखिलेश मोहन
मेरठ। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डा0 अखिलेश मोहन ने जनसाधारण से अपील की है कि बुखार अथवा अन्य बीमारी होने पर अपंजीकृत लैब से जांच एवं अपंजीकृत/झोलाछाप चिकित्सको से ईलाज न कराये। उन्होने बताया कि जनपद में जिला चिकित्सालय, समस्त सामुदायिक/प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्रो पर डेंगू, मलेरिया, टाईफाईड आदि की जांच एवं उपचार की निःशुल्क सुविधा उपलब्ध है। उन्होने बताया कि सामुदायिक/प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्रो पर जांच हेतु किसी भी प्रकार शुल्क नहीं लिया जाता है। चिकित्सालय एवं केन्द्रो पर उपचार की पर्याप्त सुविधा उपलब्ध है।